घरेलू नुस्खे थाइरोइड

थायराइड का इलाज जड़ से करने के 5 उपाय और आयुर्वेदिक नुस्खे

थायराइड का इलाज के नुस्खे और घरेलू उपाय : महिलाओ और पुरुषो दोनों में थाइरोइड की बीमारी एक आम समस्या बनती जा रही हैं। विशेषकर महिलाओ में थाइरोइड की प्रॉब्लम काफी ज्यादा पायी जाती हैं। थायराइड गले में पायी जाने वाली एक छोटी ग्रंथि होती हैं जो इंसान के शरीर के सही से काम करने के लिए बहुत जरुरी होते हैं। इसके 2 मुख्य काम होते हैं, पहला काम खून में कैल्सियम आयन की संतुलित मात्रा बनाए रखना और दूसरा काम मेटाबोलिज्म सही रखना होता हैं जिससे हाजमा भी आता हैं। जब थायराइड किसी वजह से सही से काम नहीं करती तो वजन बढ़ना, थकावट और कब्ज़ जैसे कई समस्या आ जाती हैं। बच्चो में अगर थायराइड की समस्या आ जाए तो उनके लम्बाई बढ़ना रुक सकती हैं

थायराइड की समस्या 2 प्रकार से होती हैं। पहला होता हैं हाइपोथायरॉयडिज्म जिसमे हाइपोथायरॉयडिज्म ग्लैंड कम काम करने लगती हैं और दूसरा होता हैं हाइपरथायरॉयडिज्म जिसमे ये ग्रन्थि ज्यादा काम करती हैं और हारमोंस का निर्माण असंतुलित होने लगता हैं। दोनों की समस्याओ में शरीर के कई तरह की दिक्कते आने लगती हैं। दुर्भाग्यवश जायदातर महिलाओ या पुरुषो को शुरुआत में थायराइड होने का पता नहीं लगता क्योंकि इसके लक्षण दूसरी कई शारीरिक समस्याओ से मिलते जुलते होते हैं।

थायराइड का इलाज : thyroid ka ilaj upay

थायराइड होने के कारण : Thyroid Causes in Hindi

किसी भी बीमारी का इलाज से पहले उसके कारण जानना भी जरुरी होता हैं ताकि आगे चलकर भी उससे बचा जा सके। वैसे ही थायराइड की समस्या को कैसे खत्म करे ये जानने से पहले ये होता क्यों हैं जानते हैं। निचे कुछ ऐसे ही आम कारण दिए गए हैं।

  • ज्यादा तनाव में रहना
  • हारमोंस में असंतुलन पैदा हो जाना
  • शरीर में आयोडीन और आयरन की कमी हो जाना
  • बैक्टीरिया या वायरल इन्फेक्शन होना
  • Pituitary gland का सही से काम ना करना
  • ज्यादा एंटीबायोटिक्स लेने से हुए यीस्ट इन्फेक्शन से भी थाइरोइड ब्लाक हो सकती हैं।
  • प्रेगनेंसी
  • उम्र बढ़ने के साथ थाइरोइड होने की सम्भावना ज्यादा रहती हैं।

जाने : Thyroid Test क्या हैं? कीमत और नार्मल रिपोर्ट

थाइरोइड का इलाज के घरेलू नुस्खे : Thyroid ka ilaj

1. नारियल का तेल 

नारियल के तेल में कुछ ऐसे फैटी एसिड होते हैं जो थाइरोइड के लिए फायदेमंद हो सकते हैं। नियमित रूप से नारियल तेल लेने से मेटाबोलिज्म की प्रक्रिया तेज़ हो जाती हैं और हाइपोथायरॉयडिज्म के इलाज में मदद मिलती हैं। नारियल के तेल से शरीर का तापमान नियमित करने और वजन कम करने में भी मदद मिलती हैं।

जिन लोगो को थाइरोइड की बीमारी हैं उन्हें रोजाना 1-2 चमच्च नारियल के तेल का सेवन करना चाहिए। नारियल तेल का सेवन सीधा करने के बजाय आप खाने में भी कर सकते हैं।

2. अदरक

थाइरोइड का इलाज जड़ से करने में अदरक एक असरदार घरेलू नुस्खा हैं। अदरक में पोटाशियम, मैग्नीशियम और जिंजरोल होते हैं जो थाइरोइड की समस्या से छुटकारा पाने में काफी मदद करते हैं।

एक बड़े कप आधा इंच अदरक का टुकड़ा डालकर 10-15 मिनट तक उबाले। उसके बाद उसे ठंडा होने के बाद उसमे 1 चमच्च शहद की मिलाये और उसे पिले। इसके अलावा खाने में भी अदरक का इस्तेमाल करे।

3. आयोडीन

थाइरोइड को सही से काम करने के लिए आयोडीन की आवश्यकता होती हैं जिससे वो जरुरी हारमोंस का निर्माण कर सके। औसतन आपको रोजाना 150mg आयोडीन की जरुरत पड़ती हैं। हम जो डाइट आम तौर पर लेते हैं उसमे आयोडीन पर्याप्त मात्रा में हमें नहीं मिल पाता। थाइरोइड होने का एक बड़ा कारण आयोडीन की कमी होना होता हैं। मछली, कल्प जैसे आयोडीन युक्त खाने से आयोडीन की जरुरत पूरी होने में मदद मिलती हैं।

4. अलसी

थाइरोइड के उपचार में अलसी एक कारगर घरेलू उपाय हैं। अलसी में ओमेगा 3 एसिड होता होता हों जो थाइरोइड हारमोंस के निर्माण में मदद करता हैं। अलसी विटामिन 12 और मैग्नीशियम का भी उच्च स्त्रोत होता हैं जो थाइरोइड को सुचारू ढंग से काम करने में मददगार होते हैं।

अलसी के बीजो को पीस कर पॉवडरनुमा बना ले। अब इस पाउडर की एक चमच्च एक गिलास दूध में अच्छे से मिलाये और उसे पिए। दूध की जगह फलो के रस का भी सेवन किया जा सकता हैं।

नोट : आपको दिन में 2 चमच्च से ज्यादा अलसी का सेवन नहीं करना चाहिए। क्योंकि इतने ज्यादा सेवन से थाइरोइड में फायदे की जगह कुछ नुकसान हो सकते हैं।

5. L-Tyrosine

थाइरोइड ट्रीटमेंट करने के लिए L-tyrosine नाम के एमिनो एसिड का अहम रोल होता हैं। इस एमिनो एसिड से ही Thyroid activate होते हैं और T3 और T4 हारमोंस का निर्माण होता हैं। जब इस एमिनो एसिड की शरीर में कमी हो जाती हैं तो थाइरोइड हारमोंस का बनना कम हो जाता हैं और कई तरह की प्रॉब्लम आने लगती हैं। ऐसे में L-tyrosine युक्त डाइट का सेवन करना चाहिए। अंडे खाने से ये काफी मात्रा में मिलता हैं। इसलिए जिनको हाइपोथायरॉयडिज्म की समस्या हैं वो रोजाना अंडे खाए।

 

थाइरोइड के घरेलू उपचार की आयुर्वेदिक दवा

थाइरोइड के उपचार के लिए अश्वगंधा एक असरदार आयुर्वेदिक दवा हैं। अश्वगंधा एक ऐसे हर्ब हैं जो थाइरोइड को कंट्रोल करने में मदद करती हैं। अश्वगंधा को तनाव कम करने और इम्युनिटी बढाने के लिए भी जाना जाता हैं। इसके साथ में इससे आपका स्टेमिना भी बेहतर होता हैं। थाइरोइड के लक्षणों से लड़ने और इसके ट्रीटमेंट में अश्वगंधा का सेवन काफी फायदेमंद होता हैं। दिन में 500 mg  अश्वगंधा का सेवन करे। इसे आप 2 खुराक में ले, आपको कुछ ही समय में फायदा महसूस होने लगेगा।

 

थयरॉइड  से बचाव टिप्स : Thyroid ke Upay

  • 35 साल से ज्यादा आयु के महिलाओ और पुरुषो को हर 5 साल में थाइरोइड टेस्ट जरुर कराना चाहिए।
  • अल्कोहल और कैफीन युक्त खानों का अधिक सेवन ना करे।
  • धुम्रपान ना करे
  • जितना हो सके तनाव से बचे।
  • आयोडीन युक्त खानों अपनी डाइट में शामिल जरुर करे।
  • वजन बढ़ने ना दे, जिसके लिए योगा और एक्सरसाइज नियमित रूप से करे।
  • ज्याद तेल और मसालेदार खाने ना खाए।

दोस्तों हिंदी में हेल्थ का ये लेख थायराइड का इलाज उपाय : Thyroid ka ilaj in Hindi? आपके लिए फायदेमंद लगे तो इसे औरो के साथ भी जरुर शेयर करे। थाइरोइड के उपचार से संबधित सवाल निचे पूछ सकते हैं।

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